घोषणाएं और किसान
प्रकाशनार्थ : 'झूठ का पुलिंदा होती हैं घोषणाएं!' -'मुख्यमंत्री की घोषणा के मुताबिक समर्थन मूल्य से कम पर खरीद करने वाले व्यापारियों पर अपराध पंजीबद्ध किया जाए।' -एम एस पी सत्याग्रह का पहला चरण पीपल्या में सत्याग्रह के बाद सम्पन्न! -मेधा ,योगेंद्र ,डॉ सुनीलम ने सरकार की किसान संबंधी घोषणाओं को झूठ का पुलिंदा बताया। जय किसान आंदोलन ,किसान संघर्ष समिति ,जन आंदोलनों के राष्ट्रीय समन्वय ,अखिल भारतीय किसान सभा ,नर्मदा बचाओ आंदोलन द्वारा आज पीपल्या मंडी में एम एस पी सत्याग्रह किया गया । किसान संगठनों ने पिपल्या मंडी में सत्याग्रह करने की अनुमति चाही थी लेकिन प्रशासन द्वारा इंकार कर दिया गया। सत्याग्रह के दौरान किसानों ने बताया कि भावान्तर की योजना शुरू होते ही व्यापारियों ने रेट गिरा दिया था।सोयाबीन और उड़द का भावन्तर का पैसा नहीं मिला ,जब तक किसान के पास अनाज था ,तब तक रैट कम था ,सोयाबीन 1500 से 2500 बिका ,भावन्तर 200 रुपये क्विंटल दिया । अब 10 अप्रैल से खरीद शुरू होनी है लेकि...